अपनी मांगों को लेकर राजगीर नगर परिषद के सभी सफाई कर्मियों ने किया धरना-प्रदर्शन,अध्यक्ष बादल कुमार ने कहा -हमारी मांगे पुरी नहीं होगी तो सड़क पर उतरकर करेंगे आंदोलन

September 30, 2023


राजगीर नगर परिषद के सभी सफाई कर्मी पदाधिकारी के उपर भ्रष्टाचार और तानाशाही का आरोप लगाते हुए एवं अपनी मांगों को लेकर नगर परिषद के सभी सफाई कर्मियों अपने कामों को बंद कर पूरे शहर में जुलूस निकालकर नगर परिषद कार्यालय पहुंचा और नगर परिषद कार्यालय का मुख्य दरवाजा को बंदकर पदाधिकारीयों  के खिलाफ जमकर प्रदर्शन किया और नारेबाजी किया।और अपनी मांगों को रखा।वहीं प्रदर्शन को देख नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी सहित अन्य पदाधिकारी पूरा दिन ऑफिस से गायब दिखे,सफाई कर्मियों ने स्पष्ट रूप से कहा कि करवाई एवं हमारी मांगे पूरी नहीं होगी तो सड़क पर उतरकर आंदोलन करेंगे वहीं सभी सफाई कर्मी अपना आंदोलन बिहार राज्य स्थानीय निकाय कर्मचारी महासंघ के बैनर तले किया गया है,इस अवसर पर महासंघ के अध्यक्ष बादल कुमार ने कहा कि पदाधिकारी को सिर्फ कमीशन चाहिए, सफाई के नाम पर करोड़ों रुपए खर्च होते हैं।लेकिन इनके द्वारा सफाई कर्मियों को ठीक तरह से वेतन नहीं दिया जाता है,ना ही सफाई कर्मियों को कोई सरकारी सुविधा प्रदान किया जाता है।और ना ही सफाई कर्मियों को वेतन की बढ़ोतरी की जा रही है,जो लोग कमीशन देते हैं उसी का यह वेतन बढ़ाने का काम करते हैं।लेकिन सफाई कर्मी बेहद गरीब है,वह कमीशन नहीं देते हैं तो इन लोगों का वेतन नहीं बढ़ाते हैं ना ही कोई सरकारी सुविधा प्रदान करते हैं,जिसके कारण सफाई कर्मियों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है।

उनहोंने कहा कि यह विभाग को सिर्फ लूटने का काम किया जा रहा है।उन्होंने कहा कि नगर परिषद कार्यालय में लगभग 10 करोड़ रुपये की लागत से साफ सफाई के नाम पर कई छोटे-बड़े मशीन खरीदारी की गई है,जिसकी ठीक तरह से उपयोगिता भी नहीं है,अगर ठीक तरह से इस खरीदारी की जांच की जाएगी तो करोड़ों रुपये की गवन सामने आएगा,उन्होंने कहा कि हमलोगों का मांग है कि भ्रष्टाचार में संलिप्त एवं तानाशाह पदाधिकारी को अभिलंब हटाया जाए, वर्षों से कार्यरत दैनिक कर्मियों की सेवा को अविलंब नियमित किया जाए, वर्षों से कार्यरत इन कर्मियों को समान काम के लिए समान वेतन की नीति पर अविलंब अमल किया जाए।एवं इनकी न्यूनतम मजदूरी ₹21000 निर्धारित की जाए,सभी दैनिक संविदा आउटसोर्स कर्मियों की सेवा 60 वर्ष की आयु तक निर्धारित की जाए,वर्षों से कार्यरत इन कर्मियों की निजी संचिका खोली जाए,सभी कार्यरत स्थाई कर्मियों को सरकारी कर्मियों के समतुल्य वेतन, पेंशन एवं ए०सी०पी० आदि का लाभ दिया जाए तथा छठा वेतन पुनरीक्षण में लगे पेंच को समाप्त किया जाए, निजीकरण की व्यवस्था पर रोक लगे एवं आउट सर से नियुक्ति बंद हो,वर्ष 2004 अथवा इसके बाद नियुक्त कर्मियों को एनपीएस के साथ जोड़ा जाए एवं सबको प्राण नंबर आवंटित किया जाए,कार्य के दौरान मृत्यु होने पर निकाय कर्मियों तथा स्थाई दैनिक अथवा आउटसोर्स कर्मियों के आश्रितों को अनुकंपा पर नौकरी एवं मुआवजा के रूप में कम से कम दस लाखकी आर्थिक सहायता प्रदान की जाए,मृत नगर निकाय कर्मियों दैनिक कर्मियों सहित के आश्रितों की नियुक्ति अभिलंब की जाए,

नगर विकास एवं आवास विभाग का आदेश पत्रांक 1801 दिनांक 3-5-2018, ज्ञापांक 3453 दिनांक 29 जून 2018 ज्ञापांक 1526 दिनांक 31 मार्च 2021 एवं ज्ञापांक 1801 दिनांक 5 मई 2021 को रद्द किया जाए, 74वां संविधान संशोधन की मूल भावना के साथ छेड़छाड़ बंद हो एवं उक्त के आलोक में राज्य के सभी स्वायत्तता बरकरार रखी जाए।इस अवसर पर  सचिन, मुक्ति शंकर सिंह, इंदल डोम,अशोक कुमार राम ,त्रिदेव डोम, पिंटू डोम,डिंगर डोम, करू डोम, मंगल डोम,जैकी डोम, कुंदन डोम,टुनटुन डोम, अशोक डोम चंदन डोम  सूरज डोम,कारी देवी आशा देवी सुनीता देवी विजय कुमार सहित अन्य लोग उपस्थित थे।वही नगर परिषद क्षेत्र में साफ सफाई भी बाधित रही।जिसके कारण चौक चौराहा पर गंदगी दिखा।

अपनी मांगों को लेकर राजगीर नगर परिषद के सभी सफाई कर्मियों ने किया धरना-प्रदर्शन,अध्यक्ष बादल कुमार ने कहा -हमारी मांगे पुरी नहीं होगी तो सड़क पर उतरकर करेंगे आंदोलन अपनी मांगों को लेकर राजगीर नगर परिषद के सभी सफाई कर्मियों ने किया धरना-प्रदर्शन,अध्यक्ष बादल कुमार ने कहा -हमारी मांगे पुरी नहीं होगी तो सड़क पर उतरकर करेंगे आंदोलन Reviewed by News Bihar Tak on September 30, 2023 Rating: 5

राजगीर इंटरनेशनल कन्वेंशन हॉल में तीन दिवसीय इंडियन आर्थोपेडिक एसोसिएशन के राष्ट्रीय कांफ्रेंस का हुआ आयोजन-देश के सभी राज्यों से 1200 चिकित्सक हुए शामिल

September 24, 2023


राजगीर इंटरनेशनल कन्वेंशन हॉल में तीन दिवसीय इंडियन आर्थोपेडिक एसोसिएशन के राष्ट्रीय कांफ्रेंस आयोजन किया गया है।इस कार्यक्रम में देश के सभी राज्यों से 1200 चिकित्सक शामिल हुए हैं। इस तीन दिनों तक देश के वरीय चिकित्सकों के द्वारा विभिन्न विषयों पर 170 शोध पत्र पढ़े गए।कार्यक्रम का उद्घाटन इंडियन आर्थोपेडिक एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ.अतुल श्रीवास्तव, हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. वी.के. सिन्हा,आयोजन समिति के सचिव डॉ. अशोक कुमार सिन्हा,डॉ. रंजीत कुमार सिंह,डॉ. संजय धवन,डॉ.मनोज कुमार डॉ. राम चड्ढा , डॉ राजीव आनंद संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित प्रकार किया।इस अवसर पर आयोजन समिति के सचिव डॉ अशोक कुमार सिन्हा ने कहा कि तीन दिवसीय इंडियन आर्थोपेडिक एसोसिएशन के राष्ट्रीय कांफ्रेंस 'नेल्सन शुरू हो गया है।और इस कार्यक्रम में देश के सभी राज्यों से 1200 चिकित्सक शामिल हुए हैं।

जिसमें तीन दिनों तक विभिन्न विषयों पर 170 शोध-पत्र विशेषज्ञों के द्वारा पढ़ा जाएगा।उन्होंने कहा कि  80% से अधिक दर्दनाक चोटें सड़क दुर्घटनाओं के परिणामस्वरूप होती थीं।इनमें सिर, रीढ़ की हड्डी, छाती, अंगों की जटिल चोटें और दुर्घटनाओं या गिरने से होने वाली अंग क्षति शामिल हैं।उन्होंने कहा कि एक पूर्ण जीवन की खोज में, अच्छे स्वास्थ्य के महत्व को कम करके नहीं आंका जा सकता।स्वास्थ्य देखभाल के विभिन्न पहलुओं के बीच, आर्थोपेडिक देखभाल किसी व्यक्ति के जीवन की गुणवत्ता को बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।गतिशीलता का समर्थन करने से लेकर समग्र कल्याण को बढ़ाने तक, आर्थोपेडिक देखभाल में उपचार और प्रथाओं की एक श्रृंखला शामिल है जो सीधे तौर पर प्रभावित करती है कि हम जीवन का अनुभव कैसे करते हैं। इस लेख में, हम आर्थोपेडिक देखभाल के महत्व का पता लगाएंगे और यह हमारे दैनिक अस्तित्व पर कितना गहरा प्रभाव डालता है।आर्थोपेडिक देखभाल आपके दैनिक जीवन को कैसे प्रभावित करती है।उन्होंने कहा कि आर्थोपेडिक देखभाल दवा की एक विशेष शाखा है।जो मस्कुलोस्केलेटल प्रणाली से संबंधित स्थितियों के निदान, उपचार, रोकथाम और पुनर्वास के लिए समर्पित है। इस जटिल प्रणाली में हड्डियाँ, जोड़, मांसपेशियाँ, स्नायुबंधन, टेंडन और अन्य संयोजी ऊतक शामिल हैं। आर्थोपेडिक देखभाल फ्रैक्चर और खेल की चोटों से लेकर गठिया जैसी अपक्षयी स्थितियों तक, मुद्दों की एक विस्तृत श्रृंखला का समाधान करती है।उन्होंने कहा कि आर्थोपेडिक देखभाल के प्रमुख लाभों में से एक गतिशीलता और कार्यक्षमता को बढ़ाने में इसकी भूमिका है।हमारा मस्कुलोस्केलेटल सिस्टम शरीर के संरचनात्मक ढांचे के रूप में कार्य करता है।जो हमें चलने, चलने, दौड़ने और रोजमर्रा की गतिविधियों को करने में सक्षम बनाता है। सर्जिकल और गैर-सर्जिकल दोनों प्रकार के आर्थोपेडिक उपचारों का उद्देश्य इन घटकों की कार्यप्रणाली को बहाल करना और उनमें सुधार करना है।

दर्द को कम करने वाले जोड़ों के प्रतिस्थापन से लेकर कमजोर मांसपेशियों को मजबूत करने वाली भौतिक चिकित्सा तक, आर्थोपेडिक देखभाल व्यक्तियों को अपनी स्वतंत्रता हासिल करने और सक्रिय रहने के लिए सशक्त बनाती है।उन्होंने कहा कि आर्थोपेडिक स्थितियों से उत्पन्न होने वाला पुराना दर्द किसी के जीवन की गुणवत्ता को काफी हद तक कम कर सकता है।चाहे वह हर्नियेटेड डिस्क की पीड़ा हो या ऑस्टियोआर्थराइटिस की लगातार परेशानी, आर्थोपेडिक देखभाल दर्द को कम करने और प्रबंधन पर केंद्रित है। दर्द-राहत तकनीकों, दवाओं और लक्षित उपचारों के संयोजन के माध्यम से, व्यक्ति लगातार दर्द से राहत पा सकते हैं। यह, बदले में, न केवल शारीरिक आराम में सुधार करता है बल्कि मानसिक और भावनात्मक कल्याण पर भी सकारात्मक प्रभाव डालता है।उन्होंने कहा कि आर्थोपेडिक देखभाल केवल मौजूदा स्थितियों को संबोधित करने के बारे में नहीं है; यह रोकथाम में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। स्वस्थ वजन बनाए रखने, नियमित व्यायाम करने और एर्गोनोमिक प्रथाओं को अपनाने जैसे सक्रिय उपाय ऑर्थोपेडिक मुद्दों के जोखिम को काफी कम कर सकते हैं।

इन निवारक रणनीतियों को अपनाकर, व्यक्ति अपने मस्कुलोस्केलेटल स्वास्थ्य की दीर्घायु को बढ़ा सकते हैं और बाद में जीवन में दुर्बल स्थितियों की संभावना को कम कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि जीवन की गुणवत्ता पर आर्थोपेडिक देखभाल का प्रभाव गहरा है। कल्पना करें कि आप दर्द से घबराए बिना चलने में सक्षम हो सकते हैं, ऐसे शौक पूरे कर सकते हैं जिनमें शारीरिक परिश्रम की आवश्यकता होती है, या बस बिना किसी परेशानी के अच्छी रात की नींद का आनंद ले सकते हैं।आर्थोपेडिक हस्तक्षेप इन परिदृश्यों को संभव बनाते हैं। गतिशीलता में सुधार करके, दर्द को कम करके और समग्र मस्कुलोस्केलेटल स्वास्थ्य को बढ़ावा देकर, आर्थोपेडिक देखभाल व्यक्तियों को शारीरिक सीमाओं से मुक्त पूर्ण जीवन जीने के लिए सशक्त बनाती है।उन्होंने कहा कि इस कांफ्रेंस का मुख्य उद्देश्य फ्रैक्चर के बेहतर इलाज का है।ऑर्थोपेडिक नैलिंग को कैसे और डेवलप किया जाए, इसी पर मंथन करना है। इस विधा के नए - नए तकनीक से डॉक्टरों को अवगत कराना भी एक उद्देश्य है।इस अवसर पर विशेषज्ञ दो अमूल्य कुमार सिंह ने कहा इस कार्यक्रम के माध्यम से अभ्यास करने वाले सर्जनों को वर्तमान ज्ञान, स्नातकोत्तर छात्रों को निर्देशात्मक पाठ्यक्रम व्याख्यान और एसोसिएशन के सदस्यों को प्रबंधन प्रोटोकॉल में अंतर्दृष्टि प्रदान करना है।उन्होंने कहा कि कार्यक्रम के माध्यमों से सदस्यों के बीच वैज्ञानिक और सांस्कृतिक बातचीत का उत्कृष्ट प्रदर्शन होता है।

उन्होंने कहा कि हड्डी और जोड़ों के स्वास्थ्य के बारे में जागरूकता बढ़ाना और विभिन्न मस्कुलोस्केलेटल विकारों और स्थितियों को रोकना है।उन्होंने कहा कि लोगों को हड्डी और जोड़ों के मुद्दों के संकेतों और लक्षणों के बारे में शिक्षित करके , यह दिन शीघ्र पता लगाने और समय पर हस्तक्षेप को प्रोत्साहित करता है। शीघ्र निदान से बेहतर उपचार परिणाम और जीवन की गुणवत्ता में सुधार हो सकता है।इसलिए हमने अपनी हड्डियों और जोड़ों के स्वास्थ्य बनाए रखना चाहिए। उन्होंने कहा कि हड्डी और जोड़ों के स्वास्थ्य में गिरावट के मुख्य कारणों में आवश्यक शारीरिक गतिविधियों के बारे में जागरूकता की कमी, विटामिन डी से भरपूर उचित पोषण की कमी, शराब का सेवन जैसी आदतें शामिल हैं। तम्बाकू चबाना और धूम्रपान करना, और युवा और रजोनिवृत्त महिलाओं में कैल्शियम सेवन की कमी।शीघ्र उपचार के लिए कमजोर हड्डियों और जोड़ों के लक्षणों को पहचानना महत्वपूर्ण है।सामान्य लक्षणों में लगातार जोड़ों में दर्द, कठोरता, सूजन, गति की कम सीमा, दैनिक गतिविधियों को करने में कठिनाई और फ्रैक्चर की बढ़ती संवेदनशीलता शामिल है। पीठ, कूल्हों, घुटनों और कंधों में पुराना दर्द और असुविधा भी हड्डी और जोड़ों की समस्याओं का संकेत दे सकती है। यदि किसी को इनमें से कोई भी लक्षण अनुभव होता है, तो उचित मूल्यांकन और उपचार के लिए स्वास्थ्य देखभाल पेशेवर से परामर्श करना आवश्यक है।

इस अवसर पर ऑर्थोपेडिक सर्जन डा प्रशांत कुमार सिन्हा ने कहा कि केशव नैलिंग से इस समस्या से निजात पाया जा सकता है।आर्डिनरी नैलिंग लूज हो जाता है। लेकिन केशव नेल (टूटे हुए हड्डी को जोड़नेवाला रॉड) डालने से यह लंबे वक्त तक स्थायी निवारण देता है। उन्होंने कहा कि सुप्रकोंडायलर नैलिंग ऑफ फेमूर ' विषय पर अपनी बातों को रखा।वहीं महाराष्ट्र से आए डायरेक्टर डा शिवा शंकर कूल्हा टूटने पर उसके इलाज के लिए ईजाद नए तकनीक के उपर अपनी बातों को रखा।

इस अवसर पर डॉ अमित रस्तोगी, डॉ महेश प्रसाद, डॉ रंजीत कुमार, डॉ राम चड्ढा, डॉ संजय धवन, डॉ अरुण कुमार ,डॉक्टर मणि भूषण ,डॉक्टर प्रवीण साहू, डॉ रमित गुंजन, डॉ मधुसूदन कुमार, डॉ सुधीर कुमार, डॉ शैलेंद्र कुमार सिंह, डॉ राजीव रमन, डॉ नवीन ठाकुर, डॉ बीके ठाकुर, डॉक्टर प्रोफेसर अर्जुन सिंह, डॉ उपेंद्र कुमार, डॉक्टर रोहित लाल, डॉक्टर निशांत सिंह, डॉक्टर विद्यासागर, डॉ एनके अग्रवाल, डॉ अजीत सैगल, डॉ मनीष कुमार ,डॉक्टर संदीप कुमार ,डॉक्टर अमित रस्तोगी, डॉक्टर संतोष सिंह , डॉ अरुण कुमार शर्मा, डॉ प्रभात प्रकाश, डॉ सूर्य प्रकाश शर्मा, डॉ रंजीत कुमार सिंह, डॉक्टर के एस आनंद, डॉ अरुण कपूर ,डॉक्टर नवीन ठक्कर, डॉ प्रमोद कुमार डॉक्टर आशुतोष कुमार डॉ नीरज राज डॉक्टर सिद्धार्थ सिंह, सहित अन्य लोग उपस्थित थे।



















 

राजगीर इंटरनेशनल कन्वेंशन हॉल में तीन दिवसीय इंडियन आर्थोपेडिक एसोसिएशन के राष्ट्रीय कांफ्रेंस का हुआ आयोजन-देश के सभी राज्यों से 1200 चिकित्सक हुए शामिल राजगीर इंटरनेशनल कन्वेंशन हॉल में तीन दिवसीय इंडियन आर्थोपेडिक एसोसिएशन के राष्ट्रीय कांफ्रेंस का हुआ आयोजन-देश के सभी राज्यों से 1200 चिकित्सक हुए शामिल Reviewed by News Bihar Tak on September 24, 2023 Rating: 5

ग्रामीण विकास मंत्री श्रवण कुमार ने एक करोड़ 21 लाख रुपए की लागत से राजगीर से नाहुव -नोनही जाने वाली सड़क के कालीकरण कार्य का किया शुभारंभ

August 25, 2023


बिहार सरकार के ग्रामीण विकास मंत्री श्रवण कुमार के द्वारा शुक्रवार को एक करोड़ 21 लाख की लागत से राजगीर से नाहुव नोनही जाने वाली सड़क के कालीकरण कार्य का शुभारंभ किया गया।इस अवसर पर मंत्री श्रवण कुमार ने कहा कि बिहार में सड़कों का महाजाल बिछाया जा रहा है।हर छोटी से छोटी आबादी को सड़क से जोड़कर विकास की किरण गांव गांव शहर तक फैलाया जा रहा है।

बिहार के विकास की रफ्तार अब तेजी से हो रहा है। पूरे भारत में सबसे तेजी से विकास करने वाला राज्य बिहार बन गया है। शउन्होंने कहा कि कार्य संपन्न होने के बाद कार्यकारी एजेंसी ग्रामीण कार्य विभाग के द्वारा 5 साल तक इस सड़क का मेंटेनेंस भी किया जाएगा।उन्होंने कहा कि नाहूव नोनही अब नगर परिषद का हिस्सा बन गया है।अब इन गांवों का विकास शहरों की तरह होगा।गांव की गालियां रोशनी और साफ सफाई से चकाचक होगी। इस अवसर पर जदयू नेता मुन्ना कुमार,जयराम सिंह,वार्ड पार्षद एकबाल हसीब,सुधीर पटेल सहित अन्य लोग उपस्थित थे। 

ग्रामीण विकास मंत्री श्रवण कुमार ने एक करोड़ 21 लाख रुपए की लागत से राजगीर से नाहुव -नोनही जाने वाली सड़क के कालीकरण कार्य का किया शुभारंभ ग्रामीण विकास मंत्री श्रवण कुमार ने एक करोड़ 21 लाख  रुपए की लागत से राजगीर से नाहुव -नोनही जाने वाली सड़क के कालीकरण कार्य का किया शुभारंभ Reviewed by News Bihar Tak on August 25, 2023 Rating: 5

केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल प्रशिक्षण केंद्र में प्रशिक्षु सिपाही ट्रेड्समैन का दीक्षांत समारोह का हुआ आयोजन,दिलाई गई शपथ

June 20, 2023


केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल प्रशिक्षण केंद्र राजगीर में 51वे   बैच के प्रशिक्षु सिपाही ट्रेड्समैन का दीक्षांत समारोह का आयोजन किया गया।समारोह के मुख्य अतिथि के रूप में कमाण्डेंट मुख्य प्रशिक्षण अधिकारी अरविंद कुमार के द्वारा नवारक्षियों को शपथ दिलाया गया। इस अवसर पर कमाण्डेंट मुख्य प्रशिक्षण अधिकारी अरविंद कुमार ने कहा कि आज गौरवान्वित महसूस कर रहा हूँ कि मेरे समक्ष ये 61 सिपाही ट्रेड्समैन आज अपने तन-मन से देश के कर्तव्य पथ पर समर्पित हो रहे हैं।

इस ऐतिहासिक घड़ी के मौके पर मैं इन जवानों को हार्दिक बधाई देता हूँ। मैं इन नवारक्षियों के अभिभावकों तथा इस प्रशिक्षण संस्थान के समस्त अधिकारियों तथा प्रशिक्षकों को भी बधाई देता हूँ जिन्होने इन्हें प्रशिक्षण की कसौटी पर कसकर कुंदन रूपी सैनिक बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया हैं।उन्होंने कहा कि नवारक्षियों आप आज जिस राजगीर, नालन्दा की धरती से पास आउट हो रहे हैं।ये भूमि बड़ी ऐतिहासिक और पावन रही हैं।

भगवान महावीर व गौतम बुद्ध की कर्म व धर्म स्थली रही हैं तो सशक्त मगध साम्राजय की राजधानी भी रही हैं। वीरों और महात्माओं की इस भूमि पर प्रशिक्षण करना अपने आप में बहुत ही महत्वपूर्ण व गौरव की बात हैं।और इस मंगल बेला में, मैं आपको स्मरण दिलाना चाहता हूँ कि अब आप सामान्य जन की श्रेणी से निकलकर सैनिक की विशिष्ट श्रेणी में प्रविष्ट कर गए हैं तथा आप अब देश की एकता व अखण्डता बनाए रखने तथा कर्तव्य की वेदी पर खड़ा उतरने के लिए हमेशा प्रस्तुत रहेगें। कठिन से कठिन परिस्थितियों में भी सौपें गए दायित्वों का निर्वहन पूरी निष्ठा,ईमानदारी व दृढता से करेगें।

इस अवसर पर उप कमांडेंट फिरोज अली, नील कमल भारद्वाज, सहायक कमांडेंट  अजीत कुमार, सहायक कमांडेंट हरे राम, अमित कुमार, चंदन कुमार तिवारी , विनोद कुमार सहित अन्य लोग उपस्थित थे। 

केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल प्रशिक्षण केंद्र में प्रशिक्षु सिपाही ट्रेड्समैन का दीक्षांत समारोह का हुआ आयोजन,दिलाई गई शपथ केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल प्रशिक्षण केंद्र में प्रशिक्षु सिपाही ट्रेड्समैन का दीक्षांत समारोह का हुआ आयोजन,दिलाई गई शपथ Reviewed by News Bihar Tak on June 20, 2023 Rating: 5

केनरा बैंक के अधिकारी संगठन का एग्जीक्यूटिव कमिटी की मीटिंग राजगीर इंटरनेशनल कन्वेंशन हॉल में हुआ आयोजित,अधिकारियों के बीच अनेक समस्याओं और उनके निदान पर चर्चा की गई

May 13, 2023


केनरा बैंक के अधिकारी संगठन का एग्जीक्यूटिव कमिटी की मीटिंग इंटरनेशनल कन्वेंशन हॉल में आयोजित हुआ।इस मीटिंग में केनरा बैंक के कार्यकारी महानिदेशक अशोक चंद्रा तथा पटना अंचल के महाप्रबंधक अरुण कुमार मिश्रा उपस्थित रहे।इस मीटिंग में विभिन्न प्रकार के सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया और अधिकारियों के बीच अनेक समस्याओं और उनके निदान पर चर्चा की गई।इसके अलावा, बैंक के विभिन्न योजनाओं के बारे में विस्तार से चर्चा हुई और बिहार के परिपेक्ष में आर ए एम मॉडल यानी रिटेल एग्रीकल्चर तथा एमएसएमई से संबंधित बैंक द्वारा लागू की गई। एवं कई योजनाओं के बारे में बताया गया।

उन्होंने इन योजनाओं के बिहार में अच्छी तरह से लागू करने पर विशेष बल दिया।इस मीटिंग में बैंक द्वारा जारी नई योजना केनरा पेरोल खातों के बारे में भी चर्चा हुई जिसमें खाताधारकों को विशेष लाभ दिया जा रहा है।बिहार में इस नए योजना के अंतर्गत आने वाले खातों को खोलने पर भी विशेष चर्चा की गई।जिससे खाताधारकों तक इस योजना का लाभ पहुचाई जा सके।इस अवसर में केनरा बैंक अधिकारी संगठन के जनरल सेक्रेटरी के रवि कुमार ने अपने संभाषण में ट्रेड यूनियन की महत्ता के बारे में बताया तथा उसकी उपयोगिता पर भी चर्चा की।उन्होंने सभी सदस्यों से आवाहन किया केनरा बैंक में कंधे से कंधा मिलाकर हमें कार्य करना है।और अपने बैंक को बुलंदी की ऊंचाई पर ले कर जाना है।इस अवसर पर सीनियर वाइस प्रेसिडेंट किसलय, ज्वाइन जेनरल सेक्रेटरी संजय कुमार सुधांशु, असिस्टेंट जेनरल सेक्रेटरी अभय कुमार, सेंट्रल कमिटी मेंबर उदय कुमार, रत्नेश कुमार सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे।

केनरा बैंक के अधिकारी संगठन का एग्जीक्यूटिव कमिटी की मीटिंग राजगीर इंटरनेशनल कन्वेंशन हॉल में हुआ आयोजित,अधिकारियों के बीच अनेक समस्याओं और उनके निदान पर चर्चा की गई केनरा बैंक के अधिकारी संगठन का एग्जीक्यूटिव कमिटी की मीटिंग राजगीर इंटरनेशनल कन्वेंशन हॉल में हुआ आयोजित,अधिकारियों के बीच अनेक समस्याओं और उनके निदान पर चर्चा की गई Reviewed by News Bihar Tak on May 13, 2023 Rating: 5

शिव शिष्य हरीन्द्रानन्द फाउंडेशन के द्वारा शिव गुरू संगोष्ठी का हुआ आयोजन,मुख्य वक्ता दीदी बरखा आनन्द ने कहा : शिव केवल नाम के नहीं अपितु काम के गुरू हैं

May 06, 2023


शिव शिष्य हरीन्द्रानन्द फाउंडेशन के द्वारा राजगीर इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर में शिव गुरू संगोष्ठी आयोजित किया गया।जिसमें नालंदा, नवादा और  सेखपुरा सहित अन्य जिलों के लगभग एक हजार से अधिक लोग शामिल हुए।इस अवसर पर पूरे परंपरागत तरीके से भगवान शिव की पूजा अर्चना भी की गई। कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में मुख्य वक्ता दीदी बरखा आनन्द ने कहा कि शिव केवल नाम के नहीं अपितु काम के गुरू हैं।शिव के औढरदानी स्वरूप से धन,धान्य, संतान, सम्पदा आदि प्राप्त करने का व्यापक प्रचलन है तो उनके गुरू स्वरूप से ज्ञान भी क्यों नहीं प्राप्त किया जाय। उन्होंने कहा कि किसी संपत्ति या संपदा का उपयोग ज्ञान के अभाव में घातक हो सकता है।शिव जगतगुरू हैं।अतएव जगत का एक-एक व्यक्ति चाहे वह किसी धर्म,जाति, संप्रदाय,लिंग का हो शिव को अपना गुरू बना सकता है।

शिव का शिष्य होने के लिए किसी पारम्परिक औपचारिकता अथवा दीक्षा की आवश्यकता नहीं है।केवल यह विचार कि शिव मेरे गुरू हैं।शिव की शिष्यता की स्वमेव शुरूआत करता है।इसी विचार का स्थायी होना हमको आपको शिव का शिष्य बनाता है। इस अवसर पर भैया अर्चित आनन्द ने कहा कि यह अवधारणा पूर्णतःआध्यात्मिक है, जो भगवान शिव के गुरु स्वरूप से एक एक व्यक्ति के जुड़ाव से संबंधित है।उन्होंने कहा कि शिव के शिष्य एवं शिष्याएँ अपने सभी आयोजन शिव गुरू हैं।और संसार का एक-एक व्यक्ति उनका शिष्य हो सकता है।इसी प्रयोजन से करते हैं। शिव गुरू हैं।यह कथ्य बहुत पुराना है।भारत भूखंड के अधिकांश लोग इस बात को जानते हैं।कि भगवान शिव गुरू हैं,आदिगुरू इस अवसर सुरेश प्रसाद सिंह, सुधीर कुमार ,नवीन कुमार, कमलेश सिंह,शिवकुमार विश्वकर्मा, सोमेंद्र कुमार झा, प्रेमिका देवी, गौतम कुमार सहित अन्य लोग उपस्थित थे।


शिव शिष्य हरीन्द्रानन्द फाउंडेशन के द्वारा शिव गुरू संगोष्ठी का हुआ आयोजन,मुख्य वक्ता दीदी बरखा आनन्द ने कहा : शिव केवल नाम के नहीं अपितु काम के गुरू हैं शिव शिष्य हरीन्द्रानन्द फाउंडेशन के द्वारा शिव गुरू संगोष्ठी का हुआ आयोजन,मुख्य वक्ता दीदी बरखा आनन्द ने कहा : शिव केवल नाम के नहीं अपितु काम के गुरू हैं Reviewed by News Bihar Tak on May 06, 2023 Rating: 5

ग्रामीण विकास मंत्री श्रवण कुमार राजगीर के बढ़ौना गांव में 7 लाख 50 हजार की लागत से निर्माण होने वाले ईट सोलिंग निर्माण कार्य का किया शिलान्यास

April 20, 2023


राजगीर प्रखंड के मेयार पंचायत के बढ़ौना गांव में 7 लाख 50 हजार की लागत से निर्माण होने वाले ईट सोलिंग निर्माण कार्य का शिलान्यास बिहार सरकार के ग्रामीण विकास मंत्री श्रवण कुमार के द्वारा किया गया।इस अवसर पर नालंदा सांसद कौशलेंद्र कुमार उपस्थित रहें। ग्रामीणों के द्वारा क्षेत्र भ्रमण के क्रम में लगातार निर्माण हेतु आवेदन देकर अवगत कराया जा रहा था स्थानीय समस्याओं को देखते हुए उनके समस्याओं का निदान करवा दिया गया 6 माह के भीतर रास्ता निर्माण कार्य को पूर्ण हो जायेगा।

इस अवसर पर मंत्री श्रवण कुमार ने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार जी के नेतृत्व में सूवे का तेजी से विकास हो रहा है बिहार में विकास की गंगा बह रही है। हर क्षेत्रों हर वर्गों का समुचित विकास हो रहा है समाज में बैठे पिछली पंक्ति के लोगों को विकास की मुख्यधारा में जोड़ा जा चुका है। बिहार में हुए कार्यों का डंका देश में बज रहा है तथा प्रदेश की कई सरकारें बिहार की योजनाओं का अनुसरण कर रही है गांव को स्मार्ट बनाने का काम धरातल पर उतारा जा चुका है।

इस अवसर पर जयराम सिंह  डा धनंजय कुमार देव अनीता देवी, अरुण कुमार, द्वारका प्रसाद, मनकेन कुमार, अजय पासवान रंजीत कुमार छोटे जोगिंदर राजवंशी आडवाणी कुमार ,पिंटू कुमार, अनिल कुमार ,मनोज कुमार, बच्चु प्रसाद ,सीधेश्वर महतो ,बैकुंठ पांडे सहित सहित अन्य लोग उपस्थित थे। 

ग्रामीण विकास मंत्री श्रवण कुमार राजगीर के बढ़ौना गांव में 7 लाख 50 हजार की लागत से निर्माण होने वाले ईट सोलिंग निर्माण कार्य का किया शिलान्यास ग्रामीण विकास मंत्री श्रवण कुमार राजगीर के बढ़ौना गांव में 7 लाख 50 हजार की लागत से निर्माण होने वाले ईट सोलिंग निर्माण कार्य का किया शिलान्यास Reviewed by News Bihar Tak on April 20, 2023 Rating: 5

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